एक सहाबिया ने अल्लाह के नबी सल्लल्लाहु अलैहि व सल्लम के पास आकर रक्त जारी रहने की शिकायत की। तब अल्लाह के नबी सल्लल्लाहु अलैहि व सल्लम ने उनको आदेश दिया कि यह परेशानी शुरू होने से पहले जितने दिन उनकी माहवारी उनको नमाज़ से रोके रखती थी, उतने दिन वह नमाज़ से रुकी रहें और उसके बाद स्नान कर लें और फिर नमाज़ पढ़ती रहें। चुनांचे वह नफ़ली तौर पर हर नमाज़ के लिए स्नान कर लिया करती थीं।