अल्लाह के नबी सल्लल्लाहु अलैहि व सल्लम ने निम्नलिखित तीन प्रकार के लोगों के लिए बद-दुआ की है कि वे इतने अपमानित हों और नुक़सान उठाएँ कि उनकी नाक मिट्टी में मिल जाए : पहला प्रकार : ऐसे लोग जिनके सामने अल्लाह के नबी सल्लल्लाहु अलैहि व सल्लम का ज़िक्र आए और वह 'सल्लल्लाहु अलैहि व सल्लम' कहकर या इस प्रकार के दूसरे शब्दों द्वारा अल्लाह के नबी सल्लल्लाहु अलैहि व सल्लम पर दरूद न भेजें। दूसरा प्रकार : ऐसे लोग जिनके सामने रमज़ान का महीना आया और गुज़र भी गया, लेकिन वो नेकी के काम करके क्षमा का साधन न जुटा सके। तीसरा प्रकार : ऐसा व्यक्ति जिसने अपने माता-पिता को बुढ़ापे की अवस्था में पाया और उनकी अवज्ञा अथवा उनकी सेवा में कोताही के कारण जन्नत में प्रवेश की व्यवस्था न कर सका।