अनस (रज़ियल्लाहु अन्हु) से वर्णित है कि वह कुछ बच्चों के पास से गुज़रे, तो उनको सलाम किया और कहा कि नबी (सल्लल्लाहु अलैहि व सल्लम) ऐसा किया करते थे। सह़ीह़ - इसे बुख़ारी एवं मुस्लिम ने रिवायत किया है।