अबू हुरैरा (रज़ियल्लाहु अन्हु) से रिवायत है कि रसूलुल्लाह (सल्लल्लाहु अलैहि व सल्लम) ने फ़रमाया : "जब किसी व्यक्ति को मस्जिद में क्रय-विक्रय करते हुए देखो, तो कहो : अल्लाह तुम्हारे व्यापार में लाभ न दे। और जब किसी को मस्जिद में खोए हुए सामान को खोजने का ऐलान करते देखो, तो कहो : अल्लाह उसे तुम्हें वापस न करे।"
सह़ीह़ - इसे तिर्मिज़ी ने रिवायत किया है।